Kafka
Kafka
Download AppDownload
AboutContactPrivacyTerms
Download App

© 2026 Kafka

  1. Home
  2. /
  3. शरीफ़न
शरीफ़न

शरीफ़न

सआदत हसन मंटो

7 min
1,314 words
hi
Start Reading

शरीफ़न एक छोटी लेकिन धारदार कहानी है। शरीफ़न नाम की औरत समाज के बनाए नियमों के ख़िलाफ़ अपनी ज़िन्दगी अपनी शर्तों पर जीना चाहती है। मंटो ने कम से कम शब्दों में एक औरत की बग़ावत और उसकी ताक़त को बयान किया है।

हिन्दी कहानियाँउर्दू साहित्यस्त्री बग़ावतसामाजिक बंधनइश्क़ग्रामीण जीवनस्त्री अस्मितासामाजिक यथार्थ
LanguageHindi
Source
Rekhta

Books by सआदत हसन मंटो

तमाशातमाशा
मंटो के रेखाचित्रमंटो के रेखाचित्र
बाबू गोपीनाथबाबू गोपीनाथ
बँटवारे की कहानियाँबँटवारे की कहानियाँ
मज़ामीनमज़ामीन
किरदारकिरदार
बॉम्बे की कहानियाँबॉम्बे की कहानियाँ
टेटवाल का कुत्ताटेटवाल का कुत्ता
धुआँधुआँ
औरतों की कहानियाँऔरतों की कहानियाँ
सम्पूर्ण कहानियाँसम्पूर्ण कहानियाँ
ब्लाउज़ब्लाउज़
ठंडा गोश्तठंडा गोश्त
बूबू
हतकहतक
मोज़ेलमोज़ेल
काली शलवारकाली शलवार
टोबा टेक सिंहटोबा टेक सिंह
खोल दोखोल दो
तन्हाई की कहानियाँतन्हाई की कहानियाँ
नया क़ानूननया क़ानून
सौ कैंडल पॉवर का बल्बसौ कैंडल पॉवर का बल्ब
सियाह हाशिएसियाह हाशिए

Similar books

ग़ज़लियात-ए-इक़बालग़ज़लियात-ए-इक़बाल
पंच परमेश्वरपंच परमेश्वर
पूस की रातपूस की रात
प्रतिज्ञाप्रतिज्ञा
हसरत की शाइरीहसरत की शाइरी
माँमाँ
मैं एक मियाँ हूँमैं एक मियाँ हूँ
सौदा की ग़ज़लेंसौदा की ग़ज़लें
ग़ज़लियात-ए-यगानाग़ज़लियात-ए-यगाना
सफलतासफलता
मरहूम की याद मेंमरहूम की याद में
ईदगाहईदगाह
ठाकुर का कुआँठाकुर का कुआँ
मंत्रमंत्र